joharcg.com रमेन डेका से आज राजभवन में पर्वतारोही अंकिता गुप्ता ने सौजन्य भेंट की। इस दौरान उन्होंने अपने पर्वतारोहण अभियानों और अनुभवों की जानकारी साझा की। राज्यपाल श्री डेका ने उनकी उपलब्धियों की सराहना करते हुए उन्हें उज्ज्वल भविष्य के लिए शुभकामनाएं दीं।
भेंट के दौरान सुश्री अंकिता गुप्ता ने विभिन्न पर्वतारोहण अभियानों, कठिन परिस्थितियों और चुनौतियों से जुड़े अनुभव साझा किए। उन्होंने बताया कि पर्वतारोहण केवल शारीरिक क्षमता ही नहीं, बल्कि मानसिक दृढ़ता, अनुशासन और आत्मविश्वास की भी परीक्षा होती है। उन्होंने युवाओं को साहसिक खेलों के प्रति जागरूक करने और फिटनेस को जीवनशैली का हिस्सा बनाने पर भी जोर दिया।
राज्यपाल श्री डेका ने कहा कि पर्वतारोहण जैसे साहसिक क्षेत्र में महिलाओं की बढ़ती भागीदारी समाज के लिए प्रेरणादायक है। उन्होंने कहा कि सुश्री अंकिता गुप्ता की उपलब्धियां युवाओं, विशेषकर बेटियों के लिए प्रेरणा का स्रोत हैं। कठिन चुनौतियों के बावजूद लक्ष्य प्राप्त करने का उनका जज्बा सराहनीय है।
राज्यपाल ने कहा कि खेल और साहसिक गतिविधियां युवाओं में आत्मविश्वास, नेतृत्व क्षमता और सकारात्मक सोच विकसित करती हैं। उन्होंने युवाओं से अपने सपनों को पूरा करने के लिए निरंतर मेहनत और समर्पण के साथ आगे बढ़ने का आह्वान किया।
इस अवसर पर पर्वतारोहण के क्षेत्र में उपलब्ध अवसरों और युवाओं को प्रशिक्षण एवं प्रोत्साहन देने जैसे विषयों पर भी चर्चा हुई। राज्यपाल ने कहा कि राज्य में प्रतिभाओं को आगे बढ़ाने के लिए सकारात्मक वातावरण तैयार करना आवश्यक है, ताकि युवा राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अपनी पहचान बना सकें।
सौजन्य भेंट के दौरान राज्यपाल ने सुश्री अंकिता गुप्ता के साहस, मेहनत और उपलब्धियों की प्रशंसा करते हुए उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की। यह मुलाकात युवाओं में साहसिक खेलों और आत्मविश्वास को बढ़ावा देने की दिशा में प्रेरणादायी मानी जा रही है।
सुश्री अंकिता गुप्ता वर्तमान में कबीरधाम (कवर्धा) पुलिस लाइन में आरक्षक के पद पर कार्यरत हैं। उन्होंने वर्ष 2022 में लद्दाख स्थित यूटी कांगड़ी पर्वत शिखर पर सफलतापूर्वक पहुंचकर छत्तीसगढ़ की पहली महिला पर्वतारोही बनने का गौरव प्राप्त किया था। इसके अलावा उन्होंने यूरोपीय महाद्वीप के सर्वाेच्च शिखर माउंट एल्ब्रुस पर तिरंगा फहराकर प्रदेश का नाम गौरवान्वित किया।

