प्रधानमंत्री सूर्यघर मुफ्त बिजली

joharcg.com प्रधानमंत्री सूर्यघर मुफ्त बिजली योजना के माध्यम से सौर ऊर्जा को बढ़ावा देते हुए देश ऊर्जा आत्मनिर्भरता की दिशा में निरंतर आगे बढ़ रहा है। यह योजना आम नागरिकों को बिजली बिल से राहत देने के साथ-साथ पर्यावरण संरक्षण को भी मजबूती प्रदान कर रही है। प्रधानमंत्री सूर्यघर मुफ्त बिजली योजना के अंतर्गत जनपद पंचायत राजनांदगांव की अध्यक्ष श्रीमती प्रतिमा चंद्राकर ने अपने निवास ग्राम पार्रीकला में 3 किलोवॉट क्षमता का सोलर पैनल स्थापित कराया है। सोलर पैनल की स्थापना के बाद उन्हें योजना का प्रत्यक्ष और दीर्घकालीन लाभ मिल रहा है।

हितग्राहियों को डबल सब्सिडी, बिजली पूरी तरह इको-फ्रेंडली

श्रीमती प्रतिमा चंद्राकर ने बताया कि योजना के अंतर्गत उन्हें 3 किलोवॉट के सोलर पर केंद्र शासन से 78 हजार रुपये तथा राज्य शासन से 30 हजार रुपये, कुल 1 लाख 8 हजार रुपये की सब्सिडी शीघ्र ही सीधे उनके बैंक खाते में प्राप्त हुई। इससे सोलर पैनल स्थापना की लागत में उल्लेखनीय कमी आई। उन्होंने कहा कि सोलर पैनल लगाए जाने से उनके निवास का बिजली बिल शून्य हो गया है, जिससे घरेलू खर्च में बड़ी राहत मिली है। सौर ऊर्जा से प्राप्त बिजली पूरी तरह इको-फ्रेंडली है और भविष्य के लिए सुरक्षित व टिकाऊ विकल्प है।

प्राकृतिक ऊर्जा आधारित बिजली उत्पादन को भी प्रोत्साहन

श्रीमती चंद्राकर ने कहा कि प्रधानमंत्री सूर्यघर मुफ्त बिजली योजना न केवल नागरिकों को आर्थिक रूप से सशक्त बना रही है, बल्कि प्राकृतिक ऊर्जा आधारित बिजली उत्पादन को भी प्रोत्साहित कर रही है, जिससे पर्यावरण संरक्षण को बल मिल रहा है। उन्होंने इस योजना के लिए प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी एवं मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय के प्रति आभार व्यक्त किया तथा जिले के नागरिकों से अपील की कि वे अधिक से अधिक संख्या में इस योजना का लाभ लेकर सौर ऊर्जा अपनाएं और ऊर्जा आत्मनिर्भर भारत के निर्माण में सहभागी बनें।

प्रधानमंत्री सूर्यघर मुफ्त बिजली योजना देश को ऊर्जा आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में एक ऐतिहासिक और दूरदर्शी पहल के रूप में सामने आई है। इस योजना का मुख्य उद्देश्य आम नागरिकों को स्वच्छ, सस्ती और टिकाऊ ऊर्जा उपलब्ध कराना है, साथ ही बिजली उत्पादन में नवीकरणीय स्रोतों की हिस्सेदारी को बढ़ाना है।

योजना के अंतर्गत घरेलू उपभोक्ताओं के घरों की छतों पर रूफटॉप सोलर पैनल लगाए जा रहे हैं, जिससे वे स्वयं बिजली उत्पादन कर सकेंगे। इससे न केवल बिजली बिल में उल्लेखनीय कमी आएगी, बल्कि अतिरिक्त बिजली को ग्रिड में भेजकर उपभोक्ता अतिरिक्त आय भी अर्जित कर सकेंगे। सरकार द्वारा इस योजना में आकर्षक सब्सिडी प्रदान की जा रही है, जिससे आम और मध्यम वर्ग के परिवार भी सौर ऊर्जा को आसानी से अपना सकें।

अधिकारियों के अनुसार, प्रधानमंत्री सूर्यघर मुफ्त बिजली योजना से विशेष रूप से शहरी और ग्रामीण दोनों क्षेत्रों में सकारात्मक प्रभाव देखने को मिल रहा है। ग्रामीण क्षेत्रों में जहां बिजली आपूर्ति की समस्या रहती थी, वहां सौर ऊर्जा के माध्यम से स्थायी समाधान मिल रहा है। वहीं शहरी क्षेत्रों में बढ़ती बिजली मांग और महंगे बिलों से राहत मिल रही है।

इस योजना का एक महत्वपूर्ण लाभ पर्यावरण संरक्षण भी है। सौर ऊर्जा के उपयोग से कार्बन उत्सर्जन में कमी आएगी, जिससे जलवायु परिवर्तन के दुष्प्रभावों को कम करने में मदद मिलेगी। विशेषज्ञों का मानना है कि बड़े पैमाने पर रूफटॉप सोलर को अपनाने से देश की ऊर्जा सुरक्षा मजबूत होगी और आयातित ईंधनों पर निर्भरता घटेगी।